Monday, December 21, 2009

Thursday, April 16, 2009

youngistaan

जोश है , जुनून है , जवाँ दिलों का हुजूम है ,
ना डर है , ना कोई फिकर है , ये मेरी डगर है ,
हर घड़ी , हर पल , हर आने वाला कल ,
तेरे कदमों पर है ये जहाँ ,सुन ले तू ऐ हिन्दुस्ता,
दुनिया हिला देंगे हम , ये सबको बता देंगे हम ,
सोने की चिड़िया थी कभी , फ़िर से वो दिन आयेंगे ,
हिंद के खलिहानों में फ़िर से गीत खुशी के गायेंगे ,
रग-रग की पुकार है ,ये youngistaan की ललकार है ,
ये youngistaan की आगाज़ है ,ये हिंदुस्तान की आवाज़ है

Thursday, April 2, 2009

happy मतदान

तू धीर है , तू वीर है ,
तू अपने देश की तकदीर है ,
ना धर्म युद्ध , ना र्म युद्ध ,
तुझे करना है लोकतंत्र को शुद्ध ,
तू उठा हाथ तू दबा बटन ,
कर दे भ्रष्टतंत्र का पत्तन ,
लोकतंत्र का यही एक सार है ,
vote देना तेरा अधिकर है ,
तू जान ले , तू ठान ले,
अपनी शक्ति को पहचान ले ,
कर लो इतना सा बलिदान ,
मिलजुल कर करना है योगदान,
बाद-चढ़ कर करना है मतदान,
happy मतदान happy मतदान.

आज का युवा

तू cool है , तू dude है,
तू sexy है , तू hot है ,
तू handsome है , तू smart है,
Jeans-T-shirt तेरी शान है,
तू इस देश की पहचान है,
जवानी का जोश है ,कंडोम का support है ,
थोड़ा सा लड़कपन है ,थोड़ा सा बचपन है,
तू उठा हाथ तू दबा बटन ,
बस इतना सा कर ले जतन ,
तू समझ ले ,तू जान ले ,
एक vote की कीमत को पहचान ले,
पिछली रात की खुमारी है,
एक vote सब पर भरी है,
जवानी का जोश तेरा हथियार है,
प्यार के आगे तू लाचार है,
तेरी girlfriend का emotional अत्याचार है,
vote देना तेरा जन्मसिद्ध अधिकार है!
तू दिखा दे, तू जता दे ,
इस election में सबको बता दे ...

Monday, January 26, 2009

आतंकवाद

कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी ,
हम-सब पर है आतंकवाद भारी ,
दिल्ली,जयपुर,मुंबई को दहलाया ,
एक पल में हिन्दुस्तान को हिलाया ,
जनता-जनार्दन ने शोर मचाया ,
अगले ही दिन इस गम को भुलाया ,
मिटटी के शेर हैं हम ,
जिंदा लाशों का एक ढ़ेर हैं हम ,
हिंद की रगों में खून नही पानी बहता है ,
बार-बार आतंकवाद इस पानी से अपने खेतों को सींचता है ,
ये देश था वीर जवानों का ,
लक्ष्य बन गया हैवानो का ,
इस देश का यारो क्या होगा ,
इस देश का यारो क्या होगा ..........??
लोकतंत्र इस देश की शान है ,
भ्रष्टाचार नेताओं की आन है ,
जनता यहाँ की लाचार है ,
आतंकवाद की चलती बयार है ,
यही है हिन्दुस्तान का सच ,
यही है मेरे देश का सच !

Saturday, January 17, 2009

शायरी

यही अंदाज है मेरा समंदर फतह करने का ,
मेरी कागज की किश्ती में जुगनू भी होते है !

अगर गिरना ही था तो ढूढ़ते सौ-सौ मुकाम,
ऐसा भी क्या गिरे की निगाहों से उतर गए!

आबरू तो उनकी भी लुटी थी ,
फर्क सिर्फ़ इतना था की उनको देखने वाले सभी अंधे थे!

न पूछो मुझसे की मेरी मंजिल है कहाँ ,अभी तो मैंने सफर का इरादा किया है,
ऐसा मैंने किसी से नही बल्कि अपनेआप से वादा किया है!
बालश्रम
जिनको चड़ना चाहिए स्कूल की सीडी ,
बना रहे है अब वो बीडी ,
गरीबी भुखमरी ने किया लाचार ,
बना दिया इनको बेघर -बार,
छोटू रामू श्यामू नाम है इनके प्यारे ,
हमारा देश है इनके सहारे ?
देश का भविष्य जब चाय बनाये ,
किसके लिए हमने स्कूल खुलवाए?
सर्व-शिक्षा अभियान और मिड डे मील का डंका बजाया,
बालश्रम पर कभी कोई सवाल उठाया ,
आरषण की राजनीति पर नाराजगी जताई ,
बालश्रम की नीति कभी किसी के समझ में आई ,
आओ मिलकर हम कसम ये खाए,
बालश्रम को जड़ से मिटाए
जब होगा हर बच्चा शिक्षित ,
तभी बनेगा हमारा देश विकसित ,
जब होगी हर बच्चे के चेहरे पर मुस्कान,
तभी बनेगा हमारा भारत महान !